कांग्रेस पार्टी एक विचारधारा है : डॉ. राधेश्याम शर्मा

शहर जिला और नगर कांग्रेस ने मनाया स्थापना दिवस

भिण्ड, 28 दिसम्बर। शहर जिला कांग्रेस कमेटी और नगर कांग्रेस कमेटी ने संयुक्त रूप से अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी का 138वां स्थापना दिवस शहर जिला कांग्रेस कार्यालय पर मनाया। कार्यक्रम के शुभारंभ में शहर जिला कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामकुमार पुरोहित ने ध्वजारोहण किया और सभी कांग्रेसियों ने राष्ट्रगान गाया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शहर जिला कांग्रेस के जिलाध्यक्ष डॉ. राधेश्याम शर्मा ने की।
इस अवसर पर डॉ. राधेश्याम शर्मा ने कहा कि कांग्रेस एक विचारधारा है, कांग्रेस ने देश की आजादी की लड़ाई के लिए अपनी तमाम नेताओं की बलि दी और देश को आजाद कराया। कांग्रेस की स्थापना में एओ ह्यूम, दादाभाई नौरोजी और दिनशा वाचा शामिल थे। कांग्रेस की स्थापना उस वक्त की गई जब भारतीय स्वतंत्रता संग्राम आंदोलन टुकड़ों में होकर असफल हो रहा था, स्वतंत्रता संग्राम आंदोलन को एक कड़ी के रूप में चलाने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की स्थापना 28 दिसंबर 1885 में की गई, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का इतिहास दो विभिन्न काल से गुजरता है।
सेवादल के अध्यक्ष संदीप मिश्रा ने कहा कि भारतीय स्वतंत्रता से पूर्व पार्टी स्वतंत्रता अभियान की संयुक्त संगठन थी और स्वतंत्रता के बाद पार्टी भारतीय राजनीति में प्रमुख स्थान पर विद्यमान रही है, कांग्रेस के देश को अंग्रेजों के शासन से मुक्त कराया आज बीजेपी के शासन से मुक्त कराना है। नगर कांग्रेस अध्यक्ष संतोष त्रिपाठी ने कहा कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना 72 प्रतिनिधियों की उपस्थिति के साथ 28 दिसंबर 1885 को मुंबई के गोकुल दास तेजपाल संस्कृत महाविद्यालय में हुई थी। इसके संस्थापक महासचिव एओ ह्यूम थे, जिन्होंने कलकत्ता के व्योमेश चन्द्र बनर्जी को अध्यक्ष नियुक्त किया था। अपने शुरुआती दिनों में इसके शुरुआती सदस्य मुख्य रूप से बॉम्बे और मद्रास प्रेसीडेंसी से लिए गए थे। कांग्रेस में स्वराज का लक्ष्य सबसे पहले बाल गंगाधर तिलक ने अपनाया था।
खेल प्रकोष्ठ की प्रदेश सचिव एडवोकेट सौम्या शर्मा ने कहा कि कांग्रेस ने कई प्रांतों में सामाजिक समस्याओं को हटाने के प्रयत्न किए जिनमें छुआछूत, पर्दा प्रथा एवं मद्यपान आदि शामिल थे, कांग्रेस भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में अपने 1.5 करोड़ से अधिक सदस्यों और सात करोड़ से अधिक प्रतिभागियों के साथ ब्रिटिश औपनिवेशिक शासन के विरोध में एक केन्द्रीय भागीदार बनी।
इस अवसर पर नगर पालिका भिण्ड के नेता प्रतिपक्ष राहुल कुशवाह, रामअवतार सिंह भदौरिया, अलीमुद्दीन काजी, हिमांशु शर्मा एडवोकेट, मनोज जैन, इरशाद कुरैशी, नईम खान पठान, अनीस कुरैशी, विजय दैपुरिया, अजय शर्मा, कमलेश खरे, अभिषेक मौर्य, सत्येन्द्र सिंह भदौरिया, राजमणि शर्मा, पानसिंह सुमन, राहुल कुशवाह, हिम्मत सिंह, नरेश सिंह, गौरव राजावत, पिंटू शर्मा, ऋतु जैन, मोहम्मद इरफान गम्मू, कुलदीप भारद्वाज, सर्वेश यादव, पवन चौरसिया, सुखप्रीत मिश्रा, दुष्यंत सिंघई, गंगाराम जाटव, रामजीलाल शाक्य, मोहर सिंह जाटव, आनंद शांति शाक्य, राहुल शर्मा, स्नेहलता जैन, दर्शन सिंह तोमर, चुंटाई शर्मा, आयुष मिश्रा, सूरजपाल सिंह राजावत, राजू त्रिवेदी, कुंवरपाल सिंह गुर्जर, रामसत्य त्यागी, प्रदीप भदौरिया, देवेन्द्र भदौरिया, नमन सिरोठिया, संजीव बरुआ, गजेन्द्र यादव, इमरान खान, कमलेश सुमन, धीरज सिंह भदौरिया, अजय जैन आदि कांग्रेस जन उपस्थित रहे।