विभागीय अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश
ग्वालियर, 17 फरवरी। महिला एवं बाल विकास विभाग की प्रमुख सचिव रश्मि अरुण शमी एवं आयुक्त महिला बाल विकास सूफिया फारूकी वली ने ग्वालियर-चंबल संभाग ने महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित योजना की समीक्षा कर योजनाओं के क्रियान्वयन के संबंध में विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
बाल भवन के सभागार में आयोजित बैठक में प्रमुख सचिव रश्मि अरुण शमी ने कहा कि भारत सरकार के पोषण ट्रेक्टर एप्लीकेशन पर सभी गतिविधियों और हितग्राहियों को दर्ज किया जाना है। इस कार्य को विभागीय अधिकारी प्राथमिकता से करें। इसके साथ ही प्रतिदिन आंगनबाडी केन्द्र खोलने की प्रविष्टि पोषण ट्रेक्टर पर कम पाई गई है, जिस पर अधिकारी एवं समस्त पर्यवेक्षक निरंतर मॉनीटरिंग करें। उन्होंने कहा कि जनसंख्या के मान से लक्षित हितकारी की तुलना में हितग्राहियों का पंजीयन विशेषकर गर्भवती और धात्री माताओं का पंजीयन ग्वालियर-चंबल संभाग में कम है। बच्चों की संख्या भी शत-प्रतिशत पोषण ट्रेक्टर पर दर्ज कराया जाना है। पोषण ट्रेक्टर एवं एप पर हितग्राहियों के चेहरे की पहचान के लिए टेक होम राशन आगामी एक अप्रैल से देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए सभी हितग्राहियों का चेहरा पोर्टल पर दर्ज कराया जाए। प्रमुख सचिव शमी ने यह भी कहा कि हितग्राहियों को पका हुआ भोजन प्रदान करने की स्थिति में भी कमी पाई गई है। इस संबंध में भी प्रविष्टि दर्ज कराने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि दोनों संभाग में आयु के अनुसार लगभग एक चौथाई बच्चे कम वजन के हैं। इसके लिए विभागीय अधिकारी निरंतर निगरानी कर आवश्यक कार्रवाई करें। आवश्यकता हो तो पोषण पुनर्वास केन्द्र में बच्चों को भर्ती कराकर उनका समुचित उपचार कराया जाए। बैठक में ग्वालियर-चंबल संभाग के जिला कलेक्टर, उनके प्रतिनिधि, संयुक्त संचालक महिला एवं बाल विकास सीमा शर्मा, संयुक्त संचालक चंबल डीके सिद्धार्थ एवं ग्वालियर-चंबल संभाग के सभी महिला एवं बाल विकास अधिकारी उपस्थित थे।