युवती के साथ छेडखानी करने वाले आरोपी को एक वर्ष का कारावास

सागर, 03 अगस्त। न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी जिला-सागर विनय सिंह राजपूत की अदालत ने युवती के साथ छेडखानी करने वाले आरोपी रामबाबू आदिवासी को दोषी करार देते हुए धारा 354 भादंवि के तहत एक वर्ष सश्रम कारावास एवं एक हजार रुपए जुर्माने की सजा से दण्डित किया है। मामले की पैरवी सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी सचिन गुप्ता ने की।
जिला लोक अभियोजन सागर के मीडिय प्रभारी के अनुसार घटना का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि 17 जून 2016 को पीडिता ने थाना राहतगढ़ में इस आशय की रिपोर्ट लेख कराई कि वह 15 जून को अपनी बुआ के घर आई थी। 16 जून गुरुवार को शाम छह बजे अपनी बडी बहन के घर के सामने वाली गली पर खडी होकर फोन पर बात कर रही थी, तभी अभियुक्त रामबाबू वहां पर आ गया और बुरी नियत से पीडिता के बांए हाथ की कलाई को पकडकर उसको जमीन पर पटक दिया था। पीडिता ने चिल्लाया और अपने बचाव में उसे धक्का दिया। उक्त घटना पीडिता की बडी बहन ने देखी थी और बीच-बचाव किया था। उक्त रिपोर्ट के आधार पर थाने में प्रकरण पंजीबद्ध कर मामला विवेचना में लिया गया, विवेचना के दौरान साक्षियों के कथन लेख किए गए, घटना स्थल का नक्शा मौका तैयार किया गया, अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्रित कर थाना राहतगढ़ पुलिस ने धारा 354 भादंसं का अपराध आरोपी के विरुद्ध दर्ज कर विवेचना उपरांत चालान न्यायालय में पेश किया। जहां अभियोजन द्वारा साक्षियों एवं संबंधित दस्तावेजों को प्रमाणित किया गया एवं अभियोजन ने अपना मामला संदेह से परे प्रमाणित किया। वचारण उपरांत न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी जिला सागर विनय सिंह राजपूत के न्यायालय ने आरोपी को दोषी करार देते हुए उक्त सजा से दण्डित किया है।