मित्र धर्म का सर्वश्रेष्ठ उदाहरण है कृष्ण और सुदामा की मित्रता

भिण्ड, 26 मई। मेहगांव क्षेत्र के ग्राम मेघपुरा में चल रही श्रीमद भागवत कथा में गुरुवार को कथा वाचक श्री अनिल पाठक वृन्दावन धाम ने भगवान कृष्ण और सुदामा की मित्रता का वर्णन किया गया। उन्होंने कहा कि सुदामा लालच के चलते मित्र के हिस्से का चावल खा गए, जिसकी वजह से दरिद्रता मिली। वहीं श्रीकृष्ण ने मित्र धर्म का अनुपालन करते हुए उसी तीन मुट्ठी चावल में त्रिलोकी स्वामी बना दिया। इसलिए जीवन में मित्र बनाओ तो श्रीकृष्ण जैसा, जो संकट, गरीबी, अमीरी का भेद न रखे सदैव एक जैसा आचरण रहे।


आज कथा में हाईकोर्ट के अधिवक्ता संजय शुक्ला, मेघपुरा सरपंच सुभाष शर्मा, राधामोहन शुक्ला ने कथा वाचक पं. अनिल पाठक का स्वागत किया। कथा के पारीक्षत श्रीमती रामादेवी-सुरेन्द्र शर्मा ने सभी श्रोताओं से कथा सुनने का आग्रह किया। कथा श्रवण के लिए दूर-दूर गांवों से श्रोता आ रहे हैं।

जागा हनुमान मन्दिर पर कलश यात्रा के साथ श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ आज से

मौ। मौ नगर के ग्वालियर रोड स्थित श्रीलामी के ताल में श्रीजागा सरकार हनुमान मन्दिर पर श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन 27 मई से किया जा रहा है। जिसमें नगर के समस्त धर्मप्रेमी बंधु, महिलाएं बुजुर्ग एवं युवा भाग लेंगे। ज्ञात हो की श्रीजागा सरकार हनुमान मन्दिर पर भागवत कथा का आयोजन हर साल कोई ना कोई करता चला रहा है। हनुमान जी महाराज की कृपा से यहां निरंतर ज्यादातर भागवत कथाएं एवं रामायण पाठ का आयोजन किया जाता है।