औद्योगिक क्षत्र मालनपुर में चोरों की बढ़ती सक्रियता से प्रबंधक परेशान, पुलिस मौन

भिण्ड, 10 फरवरी। औद्योगिक क्षेत्र मालनपुर में आज-कल चोरियों के बढ़ते ग्राफ से फैक्ट्रियों के प्रबंधकों की धड़कन बढ़ी हुई हैं। क्षेत्र में रात्रि में पुलिस का गस्त ना होने से चोरों के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं, परंतु स्थानीय पुलिस थाने के कानों में जू तक नहीं रेंगती। कोई भी फैक्ट्री प्रबंधक चोरी की रिपोर्ट करने जाता है तो उससे आवेदन लेकर इतिश्री कर लिया जाता है।
रिठौरा रोड पर स्थित वैष्णो देवी धर्मकांटा के संचालक नरेन्द्र शर्मा ने चोरों के नाम दर्ज रिपोर्ट लिख कर दिया, परंतु अभी तक उनको तलाश भी नहीं किया गया। इसी तरह सिकरवार पिलासटिक पाइप फैक्ट्री से एक लाख 80 हजार की चोरी हो गई, जिसमें कीमती सामान रात्रि में अज्ञात चोर चोरी कर ले गए, जिनके नाम लिख कर दिए, उनकी भी रिपोर्ट नहीं लिखी गई, चोरी गए सामान में मेंडल छह नग, पांच पाउच मिक्सर ब्लैड मेटल, सात नग विलेज रिंग, टूल बॉक्स एक नग सभी की कीमत बाजार में उपरोक्त लिखी कीमत में है।
सूर्या रोशनी, जमुना आटो एवं इसी तरह 8/4 के साइन बोर्ड लोहे के एंगल पर लगे तीन वोर्डों को कटर से रात्रि में विक्रम बूलन तिराहे से चोर रोड के किनारे पर से चुरा ले गए। इस आशय की रिपोर्ट सूर्या रोशनी के सिक्योरिटी हेड पुष्पमणि पाण्डे ने लिखित चोरी करने का आवेदन पुलिस थाने में दिया। ठीक इसी प्रकार जमुनाआटो के एचआर मैनेजर महेन्द्र सिंह ने दिया, परंतु रिपोर्ट समाचार लिखे जाने तक नहीं लिखी गई। अब तो फैक्ट्रियों के साथ-साथ जानवरों तक चोरी होने लगे चोरों की बढ़ती सक्रियता से उद्योग प्रबंधकों की धड़कन बढऩे लगी हैं। शिवशक्ति फैक्ट्री के संचालक एवं उद्योग क्षेत्र मालनपुर एसोसिएशन के सचिव जितेन्द्र नागवानी ने बताया कि बुधवार और गुरुवार की दरम्यानी रात में करीब दो लाख रुपए कीमत की चोरी चोर कर ले गए, लेकिन पुलिस का भय नाम मात्र के लिए नहीं है, पास में जिला मुरैना से लगे रेलवे स्टेशन पर तीन बड़ी-बड़ी कबाडिय़ों की दुकान पर टैक्सी में भरकर चोरी का सामान चोर ले जाते हैं। परंतु पुलिस थाना रिठौरा व मालनपुर द्वारा उन कबाडिय़ों की दुकानों पर कभी भी छापेमारी नहीं करते। चोरी की बढ़ती वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए कोई गस्त रात्र में नहीं लगाया जाता है, इससे साफ जाहिर होता है कि पुलिस एवं चोरों की मिलीभगत से उद्योग क्षेत्र में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।