दस्तक अभियान में बच्चों की होगी घर-घर जांच

भिण्ड, 20 जुलाई। बाल स्वास्थ्य एवं पोषण वृद्धि हेतु शासन द्वारा स्वास्थ्य विभाग एवं महिला एवं बाल विकास विभाग के सहयोग से दस्तक अभियान का आयोजन 18 जुलाई से 31 अगस्त तक किया जाएगा। अभियान में एएनएम, आशा एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के संयुक्त दल द्वारा पांच वर्ष तक उम्र के बच्चों वाले परिवारों के घर घर जाकर बच्चों की स्वास्थ्य जांच कर बीमारियों की पहचान एवं उचित उपचार व प्रबंधन सुनिश्चित किया जाएगा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. यूपीएस कुशवाह ने बताया कि दस्तक अभियान में पांच साल तक के गंभीर कुपोषित बच्चों की पहचान कर उनका रैफरल एवं चिकित्सकीय उपचार प्रदान किया जाएगा। कुपोषण के प्रकरणों का उपचार एवं प्रबंधन कर बाल मृत्यु में 45 प्रतिशत कमी लाई जा सकती है। अभियान के दौरान आरबीएस के दल एवं मैदानी कार्यकर्ताओं द्वारा कुपोषित बच्चों की पहचान कर उनका रेफरल एनआरसी केन्द्रों में किया जाएगा। अभियान के दौरान पांच साल तक के बच्चों में एनीमिया के प्रकरणों की पहचान हेतु डिजिटल हीमोग्लोबिनोमीटर का उपयोग किया जाएगा। बच्चों में गंभीर एनीमिया के प्रकरण मिलने पर उच्च स्वास्थ्य संस्थाओं में रेफरल कर ब्लड ट्रांस्फूजन किया जाएगा।